- नॉर्थ ईस्ट राज्यों में अस्थिरता फैलाने की बड़ी साजिश नाकाम
- 1 अमेरिकी और 6 यूक्रेनी नागरिकों को NIA ने गिरफ्तार किया
- भारत विरोधी संगठनों को ड्रोन वॉरफेयर की ट्रेनिंग दे रहे थे
- म्यांमार में जाकर आतंकियों को मॉडर्न वॉरफेयर सिखा रहे थे
गिरफ्त में आया बिग फिश Mathew VanDyke
NIA ने हाल ही में एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ऑपरेशन को अंजाम देते हुए अमेरिकी नागरिक Mathew VanDyke और छह यूक्रेनी नागरिकों को गिरफ्तार किया। यह गिरफ्तारी भारत के पूर्वोत्तर और म्यांमार से जुड़े आतंकी नेटवर्क की जांच के दौरान हुई। आरोप है कि ये लोग यूरोप से ड्रोन आयात कर म्यांमार के आतंकी संगठनों तक पहुँचा रहे थे और उन्हें ड्रोन संचालन की ट्रेनिंग भी दे रहे थे। इस घटना ने भारत की सुरक्षा एजेंसियों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि आतंकवाद अब केवल स्थानीय नेटवर्क तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें विदेशी नागरिक और तकनीकी विशेषज्ञ भी शामिल हो रहे हैं।
भारत में कैसे हुआ गिरफ्तार ?
मार्च 2026 में NIA ने एक समन्वित ऑपरेशन के तहत VanDyke को कोलकाता एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया। उसके साथ छह यूक्रेनी नागरिक भी पकड़े गए। उन पर आरोप है कि वे यूरोप से बड़े पैमाने पर ड्रोन आयात कर रहे थे और उन्हें म्यांमार के आतंकी संगठनों तक पहुँचा रहे थे। इसके अलावा वे म्यांमार आधारित मिलिटेंट्स को ड्रोन संचालन की ट्रेनिंग भी दे रहे थे। NIA ने इनके खिलाफ UAPA (Unlawful Activities Prevention Act) की धारा 18 समेत कई धाराओं में केस दर्ज किया है। यह गिरफ्तारी भारत के लिए बेहद अहम है क्योंकि यह दिखाती है कि विदेशी नागरिक भी भारत विरोधी आतंकी गतिविधियों में शामिल हो सकते हैं।
नॉर्थ ईस्ट में क्या कर रहा था Mathew VanDyke ?
- यूरोप से बड़े पैमाने पर ड्रोन इंपोर्ट कर म्यांमार के आतंकी संगठनों तक पहुँचाना।
- म्यांमार में मौजूद भारत विरोधी आतंकियों को ड्रोन ऑपरेशन की ट्रेनिंग देना।
- भारत के खिलाफ नॉर्थ ईस्ट राज्यों में आतंकी गतिविधियों की साज़िश रचना।
Mathew VanDyke का परिचय
Mathew VanDyke का जन्म 1979 में अमेरिका के बाल्टीमोर शहर में हुआ। उसने यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड और जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की। शुरुआती दौर में वह एक डॉक्यूमेंट्री फिल्ममेकर और एडवेंचरर के रूप में पहचाना जाता था। उसने मोटरसाइकिल पर मध्य-पूर्व और उत्तरी अफ्रीका की यात्रा की और वहां के संघर्षों को कैमरे में कैद किया। लेकिन धीरे-धीरे उसका रुझान केवल डॉक्यूमेंट्री बनाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि वह खुद हथियार उठाकर कई युद्धों में शामिल हो गया। यही कारण है कि उसे “फ्रीडम फाइटर” और “सोल्जर ऑफ फॉर्च्यून” कहा जाने लगा।
अंतरराष्ट्रीय संघर्षों में सक्रियता
- लीबिया (2011): गद्दाफी शासन के खिलाफ लड़ाई में शामिल, कैद भी हुआ।
- सीरिया: असद शासन के खिलाफ विद्रोहियों को समर्थन।
- इराक (2013–2017): ISIS के खिलाफ अस्सीरियन बलों को ट्रेनिंग दी।
- यूक्रेन (2025): रूस के खिलाफ लड़ाई में शामिल।
- वेनेज़ुएला: मादुरो शासन के खिलाफ गुप्त अभियानों में संलिप्त।
VanDyke का नाम सबसे पहले 2011 में लीबिया में गद्दाफी शासन के खिलाफ लड़ाई में सामने आया। वह विद्रोहियों के साथ मिलकर लड़ रहा था और कुछ समय तक कैद भी रहा। इसके बाद उसने सीरिया में असद शासन के खिलाफ विद्रोहियों को समर्थन दिया। इराक में उसने ISIS के खिलाफ अस्सीरियन बलों को ट्रेनिंग दी। 2013 से 2017 तक वह सक्रिय रूप से इराक में रहा। हाल ही में 2025 में वह यूक्रेन युद्ध में भी शामिल हुआ और रूस के खिलाफ लड़ाई में यूक्रेनी बलों को समर्थन दिया। इस तरह उसका प्रोफ़ाइल बताता है कि वह केवल एक डॉक्यूमेंट्री फिल्ममेकर नहीं बल्कि एक प्रशिक्षित लड़ाकू और रणनीतिकार भी है।
Mathew VanDyke की गिरफ्तारी के मायने क्या हैं ?
VanDyke की गतिविधियाँ भारत विरोधी आतंकवादी साज़िशों को बढ़ावा देने वाली थीं। ड्रोन तकनीक का इस्तेमाल आधुनिक युद्ध और आतंकवाद में बेहद महत्वपूर्ण हो गया है। म्यांमार के आतंकी संगठन भारत के पूर्वोत्तर में अस्थिरता फैलाने की कोशिश कर रहे हैं और VanDyke जैसे विदेशी विशेषज्ञ उनकी मदद कर रहे थे। यह साफ संकेत है कि भारत विरोधी नेटवर्क अब केवल स्थानीय नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर संगठित हो रहे हैं। Mathew VanDyke की गिरफ्तारी भारत की सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ा सबक है। यह केस दिखाता है कि आतंकवाद अब केवल हथियारों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें तकनीकी विशेषज्ञता और अंतरराष्ट्रीय सहयोग भी शामिल है। VanDyke का बैकग्राउंड बताता है कि वह कई देशों में युद्धों में शामिल रहा है और उसकी विशेषज्ञता का इस्तेमाल म्यांमार के आतंकी संगठन भारत विरोधी गतिविधियों में कर रहे थे। भारत के लिए यह जरूरी है कि वह अपनी सुरक्षा रणनीति को और मजबूत करे और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहयोग बढ़ाए ताकि ऐसे नेटवर्क को समय रहते खत्म किया जा सके।








1 thought on “कौन है Mathew VanDyke जो नॉर्थ ईस्ट में आतंकियों को ट्रेनिंग दे रहा था ?”